विजिलेंस की टीम ने हाथरस मुख्य चिकित्सा अधिकारी
कार्यालय में तैनात एक महिला लिपिक को रंगे हाथ
रिश्वत लेते हुए पकड़ा लिया। उसे पकड़कर अपने साथ
आगरा ले गई। यह महिला लिपिक स्वास्थ्य विभाग के
ही एक नेत्र परीक्षण अधिकारी से रुके हुए वेतन और
एरियर की एवज में 45 हजार रुपए मांग रही थी।
पूछताछ में यह बात भी सामने आई कि उसने 40 हजार
रुपए मुख्य चिकित्सा अधिकारी के लिए और 5 हजार
रुपए अपने लिए मांगे थे। विजिलेंस टीम आगरा ने दोनों
के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत किया है।
मुरसान के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात नेत्र परीक्षण अधिकारी ननकेश कुमार विमल से रुके हुए वेतन और एरियर का भुगतान करने की मांग को लेकर पैसे की डिमांड की गई। जिसमें मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में तैनात एक महिला लिपिक मधु भाटिया काफी समय से 45 हजार रुपए की मांग कर रही थी। इसकी शिकायत नेत्र परीक्षण अधिकारी ने विजिलेंस टीम आगरा से की। विजिलेंस की टीम पूरी प्लानिंग के साथ आई।
शिकायतकर्ता ने इस महिला लिपिक को शहर के आगरा रोड पर बुला लिया और वहां पर उसके हाथ में 45 हजार रुपए पकड़ा दिए। इसी बीच टीम ने इस महिला लिपिक को रंगे हाथ रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया और उसे आनन-फानन में अपने साथ आगरा ले गई। वहां पूछताछ में इस महिला लिपिक ने बताया कि इस 45 हजार रुपए में से 40 हजार उसे सीएमओ डॉक्टर मंजीत सिंह को देने थे। विजिलेंस टीम अग्रणी इस महिला लिपिक के अलावा मुख्य चिकित्सा अधिकारी हाथरस डॉ. मनजीत सिंह के विरुद्ध भी मुकदमा दर्ज किया है।


